पहले भाव में बुध | Mercury in 1st house

पहले भाव में स्थित बुध, व्यक्ति को अत्यधिक व्यवहारिक और दूरदर्शी बनाता है तथा रचनात्मक मानसिकता, विश्लेषणात्मक वाक्-शक्ति के साथ प्रभावशाली शिक्षक, लेखक, कवि, पत्रकार, पुजारी, धर्म उपदेशक होने की योग्यता प्रदान करता है। इसके अलावा, ये लोग सार्वजनिक वक्ता, रेडियो-कमेंटेटर,  इलेक्ट्रॉनिक संचार माध्यम पर न्यूज़रीडर, गीत-लेखक,  गीतकार या पुरोहित वर्ग में सहायक भी हो सकते हैं।

 

औपचारिक तौर पर, इन लोगों में कुछ मामलों पर लेखन की अच्छी क्षमता होती है, इसलिए इन लोगों में  सभी प्रकार की जाली रिपोर्टों के साथ ही, किसी महत्वपूर्ण रिपोर्ट के साथ किसी भी तरह की धोखाधड़ी किए जाने पर, उनका निरीक्षण करने का विशेष कौशल भी होता है। अतः, बड़ी संख्या में प्रसिद्ध और अत्यधिक प्रतिभाशाली लेखकों, कलाकारों और वक्ताओं के पहले भाव में बुध होता है या अधिक उचित शब्दों में बुध को पहले भाव का स्वामी कहा जाता है। इसके अलावा, मिथुन या कन्या राशि के पहले भाव में स्थित बुध वाले लोग  ज्ञान, लेखन, शिक्षण और हाजिरजवाबी में और भी कुशाग्र हो जाते हैं।

 

यह हमेशा याद एवं स्मरण रखा जाना चाहिए कि बुध, कन्या राशि के 15° तक उन्नति की अपनी क्रिया में सबसे उल्लेखनीय बिंदु की ओर बढ़ते हुए, इसे 16° से 30° तक अपनी स्वराशि को शामिल करने के लिए जाना जाता है। पहले भाव में बुध वाले व्यक्ति, उच्च ज्ञान और बुद्धिमतापूर्ण अनुभवों और कौशल के बावजूद, दूसरों द्वारा धोखे का शिकार होने से कभी नहीं बच पाते हैं।

 

पहले भाव में बुध वाले लोगों का आचरण/ Behaviour of Individuals with Mercury in the 1st House

ये लोग परीक्षा में नकल करने अनुचित साधनों का प्रयोग करने में स्वयं शामिल नहीं होने के बावजूद भी, परीक्षा के दौरान नकल करने के लिए दूसरों को अनुचित साधनों का प्रयोग करने की अनुमति देने के साथ ही, उनकी मदद भी करते हैं। फिर भी, यह हमेशा देखा गया है कि पहले भाव में बुध वाले व्यक्तियों को प्रकाशकों, संपादकों, और सह-लेखकों और अपने परिचित अन्य व्यक्तियों द्वारा धोखा मिलता है, जिसे आमतौर पर, लेखन संबंधी मामलों की लूट और साधारण दुर्घटनाओं के रूप में देखा जाता है। इसके अलावा, इन्हें आमदनी के लिए कभी-कभी ज्ञान की अवहेलना करते हुए, अपनी स्कूली शिक्षा के साथ ही  ट्यूशन या कुछ अन्य भरण-पोषण संबंधी कार्यों से निपटने की आवश्यकता होती है।

 

इस कारण, ये लोग अन्य लोगों की शिक्षा प्राप्ति में सहायता करने, हरसंभव तरीके से सीखने में मदद करने या प्रशिक्षण देने के साथ ही, छात्रवृत्ति या अन्य प्रकार के प्रोत्साहन और प्रेरणा प्रदान करके या आवश्यकतानुसार उनकी सहायता करने में निरंतर उत्सुकता और रुचि रखते हैं। हालांकि, इनमें से कुछ लोगों के साथ यह समस्या होती है, की वे अपनी मूर्खता और कुंदबुद्धि बयान नहीं कर पाने के कारण, जल्दी ही परेशान हो जाते हैं। इसके बाद भी, ये आसानी से झूठी प्रशंसा का सहारा नहीं लेते और न ही कोई चापलूसी उनके प्रति प्रभावी ढंग से खड़ी रह पाती है। इसके अतिरिक्त सरल, स्पष्टवादी और दूसरों को ठेस पहुंचाने की हद तक मंदबुद्धि ये लोग, अपनी नैतिकता के खिलाफ या नापसंद चीजों को दूसरों से हमेशा स्पष्ट कहना पसंद करते हैं तथा ना तो स्वयं दूसरों की नकली चापलूसी पसंद करते हैं और न ही दूसरों की नकली चापलूसी स्वीकार करते हैं, जिसके चलते, अन्य लोगों को यह विश्वास हो जाता है कि ऐसे व्यक्ति दूसरों के प्रति अशिष्ट और रूखे होते हैं। वहीं, साहित्यिक दृष्टि से यह लोग सरल लेकिन गंभीर आलोचक होते हैं तथा अत्यधिक कुशल और प्रभावी शोधकर्ता बनते हैं।

 

इस प्रकार, पहले भाव में बुध/mercury in first house वाले व्यक्ति, दूसरों के लिए मददगार होने के साथ ही, अत्यधिक सरल और स्पष्टवादी होते हैं। आमतौर पर, लेखन और शिक्षण में अत्यधिक ज्ञानी और अनुभवी होने के साथ ही, शिक्षा प्राप्त करने के लिए दूसरों की मदद करने में समान रुचि रखते हैं। इनमें सार्वजनिक वक्ता की समस्त प्रतिभा होती हैं तथा उपरोक्त सभी गुणों के साथ पहले भाव में बुध वाले व्यक्ति, आमतौर पर अत्यधिक योग्य और कुशल शोधकर्ता होते हैं।

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