जीवन में सभी को सफलता की ज़रूरत है। लेकिन कुछ ऐसे उदाहरण हैं जो साहसी व्यक्ति को भी डरा देते हैं। जब कोई व्यवसाय परिणाम देने में विफल रहता है या बार-बार प्रयास समान परिणाम प्रदान करते हैं, यानी विफलता देते। जब सभी परिश्रम व्यर्थ जाने लगता है तो जातक अपनी क्षमताओं से परे दिखता है। तब, व्यक्ति सोचता है कि सफलता का तरीका क्या है और वह कौन है जो उसे मार्गदर्शन प्रदान करे और सफलता के शिखर तक पहुंचाए ।

मैंने कई ऐसी जन्म पत्रिकाओं की पड़ताल की है जब एक सक्षम और योग्य व्यक्ति विभिन्न प्रयास करने के बाद भी सफलता प्राप्त नहीं करता और उसमें अब और उसमें कोशिश करने की क्षमता नहीं रहती |  शायद उसे जानकारी ही न हो कि जीवन में सफलता कैसे प्राप्त की जाये |

विभिन्न कोशिशों के बाद भी सफलता मिलना :  उदहारण के साथ पढ़ें

श्रीमान अमरीक  सिंह (बदला हुआ नाम ) एक धार्मिक व्यक्ति बड़ा उत्साहित होकर अपनी  कुंडली का विश्लेषण कराने मेरे पास आया | पहले भी वह विभिन्न ज्योतिषियों से मिल चुके थे लकिन उनकी तक़दीर सही रास्ते पर नहीं आयी.। आपके लिए उनकी  कुंडली का मूल्यांकन बताने से पहले , मैं उनके बारे में निम्नलिखित बातें बताना चाहता हूं जो कि जानना आवश्यक है |

  • उसने अपनी दोनों हाथों की उँगलियों में विभिन्न अँगूठिया पहन रखी थीं | केवल दो अंगूठे और दो ऊँगली ही खाली थीं |
  • वह अपनी गले में भी कुछ लॉकेट पहने हुए थे ये लॉकेट काफी भारी लग रहे थे क्योंकि उसके वजन से उनकी गर्दन थोड़ा झुकी हुई थी |
  • प्रतिदिन लगभग दो घंटे तक कई अनुष्ठान करता था ।
  • प्रतिदिन कई मंदिरों में भी जाता था |
  • वह अपने कुंडली के बारे में इतना जागरूक था कि वह कुंडली के उन दोषों की भी गिनती और इलाज कर रहा था जो किसी भी तरह से उन्हें प्रभावित नहीं कर रहे थे ।

प्रथम १० मिनट तक तो उसने मुझे कुछ कहने का मौका ही नहीं दिया वह सिर्फ अपनी कुंडली के सारे दोषों के बारे में बता रहा था जो उन्हें वांछित परिणाम प्राप्त करने से रोक रहे थे। वह उन समस्याओं को कैसे दूर किया जाये इस असमंजस में था |

जबकि वह मेरे समक्ष अपनी कुंडली विस्तारित करने में व्यस्त था, मैं चुपचाप उसकी कुंडली से कुछ आवश्यक विवरणों का विश्लेषण कर रहा था जो मेरे लिए महत्वपूर्ण थे।

उसकी वर्तमान दुविधा

वह एक प्रॉपर्टी कंसल्टेंट  के साथ  कार्यरत था  उसके ग्राहकों में उसकी उत्कृष्ट प्रतिष्ठा थी | लेकिन कुछ व्यक्तियों ने उसे नौकरी छोड़ खुद का व्यवसाय करने की लालसा दी थी और लालच में आकर उसने नौकरी छोड़ अपना व्यवसाय प्रारम्भ कर दिया था लेकिन अब उसके लिए खर्चा पूरा करना भी मुश्किल हो रहा था वह कई बातों को लेकर चिंतित था जो निम्न हैं :

  • मैं एक प्रॉपर्टी कंसल्टेंट हूं और मेरा व्यवसाय कब उन्नति करेगा।
  • उसके पास कई डील आती थी जो कि परिणाम युक्त प्रतीत होती थी लेकिंन अंतत : किसी न किसी वजह से वह फलित नहीं हो पाती थी ।
  • अच्छे लाभ हेतु उसने , ऋण लेकर कुछ प्रॉपर्टी और भी खरीदी लेकिन जो भी खरीदी वह भारी छूट देने के बाद भी नहीं पाया था |
  • नियमित कर्जे की किस्तों के तहत, कार्यालय प्रतिष्ठान व्यय, और घर के खर्चों में भी दिक्कत आ रही थी |
  • यहां तक ​​कि, वह अपने बच्चों के स्कूल शुल्क का भुगतान भी नहीं कर पा रहा था |

वह ज्योतिषी जिनसे वह प्रारम्भ में मिला था सभी ने उसे यही आश्वासन दिया कि उसकी कुंडली में कई योग उतार-चढाव करेंगे और अंतत : वह एक बड़ा व्यापारी बन जायेगा | लेकिन साथ – साथ वह ज्योतिषी धीरे – धीरे उसे यही सांत्वना दे रहे थे कि उसकी कुंडली में कोई ऐसा योग है जो उसे सफल नहीं होने दे रहा है |

अब जानिए क्या सफलता मिलने का कारण उसकी कुंडली में कोई दोष था – नहीं

उसकी कुंडली वास्तव में बहुत अच्छी थी या कह सकते हैं उसमे वास्तव में कुछ अच्छे योग थे एक अनुभवहीन ज्योतिषी जिनकी सराहना ही करता ये संकेत निम्न थे :-

  • उसकी कुंडली में धन (धन) योग था।
  • उसकी कुंडली में दो राज योग थे।
  • उसकी कुंडली का लग्न और उसके अधिपति शक्तिशाली थे
  • वह व्यवसाय कर सकता था।
  • उसकी दशाएं भी औसतन थी | वह न तो अच्छी थी और न ही बुरी ।

सफलता प्राप्त होने का कारण

मैंने उससे कुछ प्रश्न पूंछे जो निम्न थे-

  • क्या उसने अपनी डील करने की प्रक्रिया में कुछ बदलाव किया है उनका जवाव था ; हाँ , अधिक बिज़नेस की लालसा में वह जरुरत से ज्यादा लालची हो जाता था
  • क्या व्यवसाय प्रारम्भ करने के बाद उसके व्यवहार में कोई परिवर्तन आया है ? उसने उत्तर दिया हाँ वह अक्सर अपनी पत्नी और बच्चों पर गुस्सा करता है |
  • क्या वह अपने परिवार और दोस्तों को पर्याप्त समय दे पा रहा है ? उसने न में उत्तर दिया |
  • क्या उसने किसी से प्रेम प्रसंग करना शुरू कर दिया है? वह इसका उत्तर नहीं देना चाहता था लेकिन फिर उसने हाँ में उत्तर दिया |

अब जानिए इसका ज्योतिष विश्लेषण

अब मैं बताता हूँ कि मैंने उसकी कुंडली का क्या विश्लेषण किया –

  • उसके डी-9 ( नवमांश ) व डी – 60  षष्टियांशा चार्ट में बिज़नेस योग नहीं था | इसका तात्पर्य  यह था कि उसके विभिन्न प्रयासों के बाद भी वह स्वयं के व्यवसाय में सफल नहीं होगा  |
  • उनके पास धन योग था लेकिन ऋण योग धन योग से कहीं ज्यादा ताकतवर था |
  • उसका पारिवारिक जीवन अच्छा नहीं चल रहा था जिसकी वजह से वह अपनी योग्यता का पूर्ण रूप से उपयोग नहीं कर पा रहा था |
  • उसकी कुंडली में राजयोग फलित हो सकता था लेकिन कुछ शर्तानुसार |
  • उसकी कुंडली में कुछ नकारात्मक योग थे जो उसके अनैतिक संबंधों के कारण और अधिक नकारात्मक रूप से फलित हो रहे थे |
  • वह किसी लम्बे अदालत के मामले में पड़ने वाला था जिनकी उसे उम्मीद भी नहीं थी |

अंतत: ज्योतिषीय समाधान

  • मैंने उससे उसके कर्मों में परिवर्तन लाने को कहा उसके व्यवहार को बदलने को कहा | यह कई दशकों से मेरे द्वारा दिया जाने वाला अनूठा सिद्धांत है
  • उससे व्यवसाय में और निवेश करने को मना किया और नौकरी करने को कहा | जिससे समय जल्द ही परिवर्तित होगा |
  • उससे किसी भी अन्य महिला से अनैतिक रिश्तों को समाप्त करने को कहा क्योंकि इससे उसकी प्रतिष्ठा में कमी आ रही थी और उसका पारिवारिक जीवन भी खराब चल रहा था |
  • उसे भगवान हनुमान जी की एक विशिष्ट तरीके से पूजा करने के लिए निर्देशित किया।
  • इसके अलावा उसे अपनी सभी अंगूठियों और लॉकेट को निकालने की सलाह दी और अधिकांश अनुष्ठानों को भी बंद करवाया |

मैंने उनसे अपने स्वास्थ्य की अच्छी देखभाल करने के लिए कहा |

अब करीब दो वर्ष हो चुके  हैं । इन दो वर्षों में उन्होंने खुद के लिए एक उत्कृष्ट प्रतिष्ठा बनाई है। इसके अलावा, उन्होंने अपनी देनदारियों का भुगतान करना शुरू कर दिया है और घर पर शांती पूर्ण माहौल है |

चीजें बेहतर हो सकती हैं और जैसे सोची गयीं हो वैसे शुरू हो सकती हैं बस सही समय पर सही निर्णय की आवश्यकता है |  सफलता और कड़ी मेहनत पर कोई निर्धारित निबंध नहीं हो सकता है, यह सभी  व्यक्तियों की , परिस्थितियों और अनुकूलन पर निर्भर होती है |

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